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भारतीय सिनेमा के बारे में कुछ रोचक तथ्य Amazing facts about Indian Cinema In Hindi.

भारतीय सिनेमा के बारे में कुछ रोचक तथ्य Amazing facts about Indian Cinema In Hindi. भारतीय सिनेमा फैक्ट्स अबाउट इंडियन सिनेमा इन हिंदी. भारतीय सिनेमा जगत की कुछ दिलचस्प बातें. बॉलीवुड के 30 रोचक तथ्य, जो आपका दिमाग हिला देंगे. हिंदी सिनेमा के कुछ ऐसे रोचक तथ्य जो आपको हैरान कर देंगे.

 

भारतीय सिनेमा (Indian Cinema) वर्ष 2013 में अपने 100 साल पूरे कर चूका है. इन सालों में भारतीय सिनेमा ने काफी विकास किया है. आज के इस पोस्ट में हम भारतीय सिनेमा (Indian Cinema) से जुड़े कुछ रोचक तथ्यों के बारे में जानकारी लेंगे. आपको ये Amazing facts about Indian Cinema In Hindi यदि अच्छे लगे तो पोस्ट को सोशल मीडिया पर share करें. यदि कुछ कमी हो तो कमेंट में लिखें.

भारतीय सिनेमा के बारे में कुछ रोचक तथ्य Amazing facts about Indian Cinema In Hindi.
  1. वर्ष 1913 में “दादा साहब फाल्के” द्वारा निर्देशित “राजा हरिश्चंद्र” (Raja Harischandra) भारत की सबसे पहली फिल्म थी. मूल रूप से यह फिल्म एक मूक (silent) फिल्म थी और इस फिल्म में काम करने वाले लोग मराठी थे.
  2. 1931 में रिलीज हुई फिल्म “आलम आरा” (Alam Ara) भारत की सबसे पहली बोलने वाली फिल्म थी, इस फिल्म के निर्देशक थे “आर्देशिर ईरानी” (Ardeshir Irani). यह फिल्म उर्दू भाषा में बनी थी.
  3. वर्ष 1936 में अशोक कुमार बॉम्बे टॉकीज में एक प्रयोगशाला सहायक थे.
  4. भारत की सबसे पहली रंगीन फिल्म “Kisan Kanya” थी, जिसे साल 1937 में रिलीज किया गया था.
  5. 1951 में रिलीज हुई फिल्म “Awara” में पहली बार dream sequence का इस्तेमाल किया गया था. 
  6. लता मंगेशकर का गीत 'ऐ मलिक तेरे बंदे हम' फिल्म 'दो आंखें बारह हाथ' (1957) जो वसंत देसाई की मूल रचना थी, को एक पाकिस्तानी स्कूल द्वारा "स्कूल गान" के रूप में स्वीकृत किया गया था.
  7. वर्ष 1960 में रिलीज हुई ‘मुगल-ए-आज़म’ (Mughal-e-Azam) फिल्म को तीन भाषाओँ में बनाया गया है. फिल्म के सभी दृश्यों को हिंदी, तमिल और अंग्रेजी में तीन बार शूट किया गया.
  8. 1970 के दशक में भारतीय सिनेमा ने अमेरिका को दुनिया के सबसे बड़े फिल्म निर्माता के रूप में पीछे छोड़ दिया था.
  9. 18 December 1970 को रिलीज हुई राज कपूर की ‘मेरा नाम जोकर‘ पहली हिंदी फिल्म थी, जिसमें एक नहीं बल्कि दो अंतराल (intervals) हैं.
  10. अभिनेता अमजद खान को फिल्म 'शोले' (1975) से लगभग हटा दिया गया था क्योंकि पटकथा लेखक जावेद अख्तर ने उनकी आवाज गब्बर सिंह की भूमिका के लिए बहुत कमजोर पाया. शुरुआत में उस भूमिका के लिए डैनी डेन्ज़ोंपा से संपर्क किया गया लेकिन अंत में यह धांसू किरदार आखिरकार अमजद खान को मिल गया.
  11. 15 अगस्त 1975 को रिलीज हुई भारत का सबसे लोकप्रिय फिल्म “Sholay” जिसे पहली बार के बड़े पर्दे पर रिलीज किया गया और जनवरी 2011 में इस फिल्म को दोबारा 3D में भी रिलीज किया गया.
  12. वहीदा रहमान ने अमिताभ बच्चन की मां और प्रेमी दोनों का किरदार निभाया है. उन्होंने प्रेमिका का किरदार फिल्म 'अदालत' (1976) और मां का किरदार फिल्म 'त्रिशूल' (1978) में निभाया था.
  13. राज कपूर अंधविश्वासपूर्ण थे और फिल्म 'सत्यम शिवन सुंदरम' (1978) की रिलीज़ से पहले मांसाहारी भोजन खाने के साथ-साथ पीने से भी परहेज कर लिया था.
  14. Bhanu Athaiya सबसे पहला भारतीय है जिन्हें वर्ष 1982 में फिल्म “Gandhi” के लिए best costume designer के तौर पे ऑस्कर अवार्ड (Oscar Award) से सम्मानित किया गया.
  15. वर्ष 1984 में रिलीज की गई मलयालम फिल्म “My Dear Kuttichathan” भारत की सबसे पहली 3D फिल्म थी. बाद में वर्ष 1997 में इस फिल्म को हिंदी भाषा में भी बनाया गया और फिल्म को “Chota Chetan” नाम दिया गया.
  16. वर्ष 2006 में रिलीज हुई फिल्म “Vivah” भारत की इंटरनेट के द्वारा भी रिलीज की गई सबसे पहली फिल्म है. सूरज बड़जातिया इस फिल्म के निर्देशक थे. इस फिल्म को “Parinyam“ नाम से तेलगु भाषा में भी बनाया गया था.
  17. वर्ष 2006 में रिलीज हुई फिल्म “Thavamai Thavamirundu” भारत की अब तक की सबसे लम्बी फिल्म है. इस फिल्म की लंबाई 4 घंटे 35 मिनट (275 मिनट्स) है.
  18. वर्ष 2008 में रिलीज हुई आमिर खान स्टारर फिल्म “Gajani” 100 करोड़ कमाने वाली भारत की सबसे पहली फिल्म है.
  19. वर्ष 2015 में रिलीज हुई तेलगु फिल्म “Rudramadevi” भारत की सबसे पहली 3D ऐतिहासिक (historical) फिल्म है. यह फिल्म पौराणिक कथाओं के अनुसार काकतीय साम्राज्य के शासक “रुद्रमादेवी” पर आधारित है. इस फिल्म के निर्देशक थे गुणशेखर और इस फिल्म में “रुद्रमादेवी” की रोल अदा करने वाली मुख्या कलाकार थी अनुष्का शेट्टी.
  20. वर्ष 2017 में रिलीज हुई फिल्म “Bahubali, The Conclusion” भारत की अब तक की सबसे लोकप्रिय फिल्म है इस फिल्म ने 1,000 करोड़ कमाए है जो एक रिकॉर्ड है.
  21. आमिर खान की फिल्म 'लगान' में बॉलीवुड सिनेमा के इतिहास में एक भी फिल्म में कभी भी इतने ज्यादा ब्रिटिश अभिनेताओं द्वारा भूमिका नहीं निभाई गई थी.
  22. श्रीदेवी ने मात्र 13 वर्ष की उम्र में फिल्म 'मोंड्रू मुडिचु' नामक एक तमिल फिल्म में रजनीकांत की सौतेली माँ का किरदार निभाया था.
  23. “दादा साहब फाल्के” को “Father of the Nation” भी कहा जाता है.
  24. Bollywood शब्द को Oxford Dictionary में भी जोड़ा गया है.
  25. फिल्में बनाने में भारत दुनियां में 1 नंबर पर है. हर साल 1,600 से भी ज्यादा फिल्मे भारत में रिलीज की जाती है. भारत में हिंदी, बंगाली, तमिल. तेलगु, पंजाबी, मराठी, भोजपुरी आदि भाषाओँ में फिल्मे बनती है.
  26. दिलीप कुमार और शाहरुख खान ने एक प्रमुख भूमिका में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के लिए सबसे ज्यादा फिल्मफेयर पुरस्कार जीते हैं, जो की 8 हैं. 
  27. अपने 23 साल के कैरियर में सलमान खान के लिए दबंग 2 पहला सीक्वल था.
  28. फिल्म निर्माण में डिग्री के साथ देविका रानी पहली अभिनेत्री थीं.
  29. रणवीर सिंह, मूल नाम, रणवीर सिंह भावनानी वास्तव में सोनम कपूर के चचेरे भाई हैं.
  30. भारतीय सालाना 2.7 अरब फिल्म टिकट खरीदते हैं, जो दुनिया में सबसे ज्यादा है. लेकिन हमारी औसत टिकट कीमत दुनिया में सबसे कम है, इसलिए हॉलीवुड की तुलना में राजस्व भिन्न होता है.
  31. हर साल पायरेटेड डीवीडी और वीडियो से Bollywood को 100 मिलियन डॉलर का नुकसान होता है.
हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

भारतीय सिनेमा के बारे में कुछ रोचक तथ्य Amazing facts about Indian Cinema In Hindi. भारतीय सिनेमा फैक्ट्स अबाउट इंडियन सिनेमा इन हिंदी. भारतीय सिनेमा जगत की कुछ दिलचस्प बातें. बॉलीवुड के 30 रोचक तथ्य, जो आपका दिमाग हिला देंगे. हिंदी सिनेमा के कुछ ऐसे रोचक तथ्य जो आपको हैरान कर देंगे.

कब बनी थी भारत की पहली बोलती फ़िल्म - Janiye filmo ne bolna kab shuru kiya tha

कब बनी थी भारत की पहली बोलती फ़िल्म - Janiye filmo ne bolna kab shuru kiya tha. भारत की पहली हिंदी फिल्म- आलमआरा. 14 मार्च का दिन भारतीय सिनेमा के लिए ख़ास क्यों है? भारत की पहली टॉकी फिल्म का क्या नाम है? आलमआरा फिल्म कब बनी थी और यह फिल्म खाश क्यों है?



क्या आप जानते है कि 14 मार्च का दिन भारतीय सिनेमा के लिए ख़ास क्यों है? यदि आप नहीं जानते है तो हम आपको आज ही इसके बारे में जानकारी देने जा रहें है. पूरी जानकारी लेने के लिए पोस्ट को पूरा पढ़ें और जानकारी अच्छी लगे तो दोस्तों को भी पढ़ने के लिए share करें.

आइये अब काम की बात पर आते है. 14 मार्च का दिन भारतीय सिनेमा के लिए ख़ास इसलिए है कि इस दिन हिंदुस्तानी सिनेमा की वो पहली फिल्म रिलीज हुई थी जिसमें आवाज़ भी शामिल की गई थी. इस दिन गूंगी फ़िल्मों ने बोलना सीखा था. इस दिन शनिवार का दिन था और तारीख़ 14 मार्च और वर्ष 1931 थी. इस दिन मुंबई के मैजेस्टिक सिनेमा हॉल में आर्देशिर ईरानी निर्देशित 'आलम आरा' फिल्म रिलीज़ हुई. यह फिल्म भारत की पहली बोलती फ़िल्म (टॉकी) थी. 

इस फ़िल्म की शूटिंग करते समय काफी दिक़्क़तें भी सामने आई थी. जो निम्नलिखित है:
  1. दिन में शौर ज्यादा रहता है इसलिए दिन में शूटिंग करने से आस-पास की आवाजें भी साथ में रिकॉर्ड हो जाती थीं.
  2. फ़िल्म के रोल निभाने वाले कलाकारों में से ज्यादातर कलाकार गूंगी फ़िल्मों के समय के थे इसलिए उन्हें टॉकी फ़िल्म में काम करने की प्रेक्टिस नहीं थी. इन कलाकारों को माइक पर बोलने में परेशानी होती थी इसलिए उन्हें ज़बान साफ़ करने के तरीक़े और बोलने की जानकारी देनी पड़ती थी.
  3. टैनोर सिंगल सिस्टम कैमरे से शूट करने में बड़ी दिक़्क़त होती. एक ही ट्रैक पर साउंड और पिक्चर रिकॉर्ड होती थी इसलिए कलाकारों को एक ही टेक में शॉट देना पड़ता था.
हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

कब बनी थी भारत की पहली बोलती फ़िल्म - Janiye filmo ne bolna kab shuru kiya tha. भारत की पहली हिंदी फिल्म- आलमआरा. 14 मार्च का दिन भारतीय सिनेमा के लिए ख़ास क्यों है? भारत की पहली टॉकी फिल्म का क्या नाम है? आलमआरा फिल्म कब बनी थी और यह फिल्म खाश क्यों है?

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी क्या आप जानते है? Anda shakahari hai ya mansahari mil gaya jawab

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी? शाकाहारी है या मांसाहारी क्या आप जानते है? Anda shakahari hai ya mansahari mil gaya jawab. पढ़िए अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी, अंडा शाकाहारी होता है या मांसाहारी, एग इज वेज और नॉनवेज आंसर इन हिंदी. वेज या नॉन वेज है अंडा? कौन से अंडे शाकाहारी होते है और कौन से अंडे मांसाहारी कहलाते है?



कुछ सवाल ऐसे भी होते हैं जिनका सही जवाब मिल पाना लोगों के लिए काफी मुश्किल बना हुआ है. जैसे मुर्गी पहले आई या अंडा? अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी? परन्तु अब इन सवालों का जवाब मिल चूका है. जी हां, मुर्गी पहले आई या अंडा? इस सवाल का जवाब हम पिछले पोस्ट में दे चुके है, यदि आपने पिछला पोस्ट नहीं पढ़ा है तो अब पढ़ लीजिये और अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी? इस सवाल का उत्तर आज हम इस पोस्ट में आपको बताने वाले है इसलिए इस पोस्ट को पूरा पढिए और जवाब जानिये.

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी?

आज हम आपके सामने साबित कर देंगे कि अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी? अब यह सवाल बिना जवाब का नहीं रहा है. इतना तो आप जानते ही होंगे कि कुछ लोग इसे मासाहारी मानते है और वो इसे मासाहारी इसलिए मानते है क्योंकि यह मुर्गी के पेट से निकलता है. ऐसे लोगों के लिए मेरे पास भी एक सुझाव है यदि पेट से निकलने वाली चीज मासाहारी होती है तो ऐसे लोगों को दूध भी नहीं पीना चाहिए क्योंकि यह भी जानवर के पेट से ही निकलता है.

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी?

अब आप यह भी जान लीजिए कि अंडे के 3 हिस्से होते हैं- 1. छिलका, 2. उसकी सफेदी और 3. अंडे की जर्दी या पीला वाला भाग. इतना तो आप जानते ही है कि अंडा खाने के लिए तैयार करते समय छिलका उतारकर फेंक दिया जाता है. अब बचे 2 भाग. जिसमे अंडे की सफेदी वाले भाग में केवल प्रोटीन होता है इसमें मांस नाम की कोई चीज नहीं होती है. अब बचा अंडे की जर्दी वाला पार्ट. इस हिस्से में पानी में प्रोटीन, कॉलेस्ट्रोल और फैट का सस्पेंशन पाया जाता है. यहाँ भी मांस उपलब्ध नहीं है.

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी?

कुछ लोगों का मानना है कि अंडे में जान होती है क्योंकि अंडे से बच्चे का जन्म होता है. परन्तु हम आपको बता दें कि यह भी मात्र भ्रम है क्योंकि बाजार में मिलने वाले ज्यादातर अंडे अनफर्टिलाइज्ड या अनिषेचित होते हैं. इसका मतलब यह है कि ये अंडे वो अंडे होते है जिनमें से कभी भी बच्चा पैदा नहीं किया जा सकता है.

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी?

मुर्गी 6 महीने की होने के बाद अंडे देना शुरू कर देती है. परन्तु यह जरुरी नहीं है कि मुर्गी अंडा तभी देगी जब वो मुर्गे के संपर्क में आएगी. जब मुर्गी बिना मुर्गे के सम्पर्क में आए अंडे देती है तो इन अंडो को अनफर्टिलाइज्ड एग कहा जाता है. वैज्ञानिकों का भी मानना है कि ऐसे अंडों में से कभी चूजे नहीं निकल सकते है. जो अंडा मुर्गी और मुर्गे के संपर्क में आने के बाद बनता है, उनमें गैमीट सेल्स होते हैं. ऐसे अंडे से ही बच्चे बनना संभव है और आप केवल इन अंडों को ही मांसाहारी कह सकते है.

हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी? शाकाहारी है या मांसाहारी क्या आप जानते है? Anda shakahari hai ya mansahari mil gaya jawab. पढ़िए अंडा शाकाहारी है या मांसाहारी, अंडा शाकाहारी होता है या मांसाहारी, एग इज वेज और नॉनवेज आंसर इन हिंदी. वेज या नॉन वेज है अंडा? कौन से अंडे शाकाहारी होते है और कौन से अंडे मांसाहारी कहलाते है?

मुर्गी पहले आई या अंडा ? अब जवाब मिल गया - Pahle murgi aayi ya anda - Jawab hajir hai

मुर्गी पहले आई या अंडा? मुर्गी और अंडे में से पहले कौन आया था? अब जवाब मिल गया, पहले अंडा आया या मुर्गी, पहले मुर्गी बनी, फिर उसने अंडा दिया. - Pahle murgi aayi ya anda - Jawab hajir hai. सुलझ गई सालों से उलझी हुई पहेली, आखिर पता चल गया. पहले मुर्गी कैसे आई. मुर्गी आई या अंडा. पहले मुर्गी आई कि अंडा आया. मुर्गी कहां से आई. पहले एग आया या मुर्गी. पहले मुर्गी आई थी कि अंडा.



मुर्गी पहले आई या अंडा? यह बात सुनते ही हर इन्सान की बोलती बंद हो जाती थी क्योंकि किसी के पास भी इसका कोई ठोस जवाब नहीं था. यह एक ऐसा सवाल था जिसका जवाब ना तो उसके पास था जो यह सवाल पूछता था और ना ही इसका जवाब उसके पास था जिससे यह सवाल पूछा जाता था.

परन्तु अब यदि कोई आपसे यह सवाल पूछे तो भले ही सवाल पूछने वाले को इसका जवाब मालूम ना हो लेकिन आप इसका जवाब देकर मास्टर माइंड बन सकते हो. इसका कारण यह है कि अब जवाब मिल चूका है कि मुर्गी पहले आई या अंडा?

मुर्गी पहले आई या अंडा?

ब्रिटिश के वैज्ञानिकों ने अब इस सवाल का जवाब ढूंढ निकाला है. अब यह पता चल चूका है कि मुर्गी और अंडे में से पहले कौन आया था? एक शोध में यह साबित हो गया है. अंत में यह निष्कर्ष निकला है कि पहले मुर्गी आई थी और बाद में अंडा. इस बात को साबित करने के लिए जो तथ्य सामने आया है वो बहुत ही महत्वपूर्ण है.

वैज्ञानिक रॉबर्ट क्रुलविच के अनुसार मुर्गी और मुर्गा पहले आए है उन्होंने प्रक्रिया की और मुर्गी ने अंडे दिए. इस बात को 100% सत्य करने का सबूत भी मिल चूका है. अंडे का खोल "ओवोक्लाइडिन" नामक प्रोटीन से बनता है और सबसे महत्वपूर्ण बात तो यह है कि यह प्रोटीन केवल मुर्गी के अंडाशय में ही मिलता है.

मुर्गी पहले आई या अंडा?
 
इस शोध के बाद अब इसमें कोई शक नहीं रहा है कि अंडे से पहले ही मुर्गी आ चुकी थी क्योंकि "ओवोक्लाइडिन" नामक प्रोटीन के बिना अंडा नहीं बन सकता था और बिना मुर्गी के यह प्रोटीन कहीं और है ही नहीं तो ऐसे में अंडे का निर्माण मुर्गी के अंडाशय के बिना असम्भव था. इस बात से ये साफ़ हो गया है कि अंडे की उत्पत्ति मुर्गी से हुई है और फाइनल नतीजा ये है कि मुर्गी इस दुनिया में पहले आई है.

मुर्गी और मुर्गा कैसे आए?

अब आप यह बात जान ही चुके है कि पहले मुर्गी आई और फिर उसने अंडे दिए लेकिन अब आपके मन में यह प्रश्न भी जरुर उठा होगा कि अंडे के बिना मुर्गी और मुर्गा कैसे और कहाँ से आए? आज हम आपको यह भी बता देते है कि बिना अंडे के मुर्गी और मुर्गा कैसे बने? दोस्तों जब विधाता ने प्रकृति की रचना की थी तो उसने दुनियां के हर जीव को रचा था और उसी समय उसने मुर्गी और मुर्गे की भी रचना की थी.

हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

मुर्गी पहले आई या अंडा? मुर्गी और अंडे में से पहले कौन आया था? अब जवाब मिल गया, पहले अंडा आया या मुर्गी, पहले मुर्गी बनी, फिर उसने अंडा दिया. - Pahle murgi aayi ya anda - Jawab hajir hai. सुलझ गई सालों से उलझी हुई पहेली, आखिर पता चल गया. पहले मुर्गी कैसे आई. मुर्गी आई या अंडा. पहले मुर्गी आई कि अंडा आया. मुर्गी कहां से आई. पहले एग आया या मुर्गी. पहले मुर्गी आई थी कि अंडा.

रसोई के बर्तनों को साफ करने के आसान उपाय - Jale huye bartno ko aise banaye chamkdar

रसोई के बर्तनों को साफ करने के आसान उपाय - Jale huye bartno ko aise banaye chamkdar. जले हुए बर्तनों को साफ करने के लिए अपनाएं. एल्युमीनियम के बर्तन जैसे कुकर को साफ करने का आसान तरीका How To clean cooker Useful tips in hindi - एल्यूमिनियम के कड़ाही को नये जैसा चमकाए. स्टील के बर्तन की सफाई. पुराने बर्तनों को दीजिए नई चमक.



आप जानते हो कि रसोई में स्टील, कांच, चीनी-मिट्टी, पीतल, एल्युमीनियम आदि से बने हुए बर्तन प्रयोग किये जाते हैं। इन बर्तनों को साफ करने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाने की जरूरत होती हैं। यदि आप चाहती है कि आपकी रसोई के बर्तन हमेशा चमकते रहें तो आपको भी इन्हें अच्छे से साफ करने के लिए कुछ तरीके आजमाने होंगे। हम आज का यह पोस्ट इसी विषय में लिखने जा रहे है। आप हमारे इस पोस्ट से अपनी रसोई के बर्तनों को साफ करके अपनी रसोई की सुन्दरता बढ़ा सकती है।

रसोई के बर्तनों को साफ करने के आसान टिप्स :-
  1. प्याज के रस में बराबर मात्रा का सिरका मिलाकर स्टील के बर्तनों पर रगड़ने से बर्तनों की चमक बढ़ती है।
  2. पानी में जरा-सा सिरका और नींबू का रस डालकर उबाल लें और फिर धोने से बर्तनों पर जमे मैल को साफ किया जा सकता है।
  3. नींबू को आधा काटकर नमक लगा लें और इससे पीतल के बर्तन को रगड़ कर चमकदार बना लें।
  4. एल्युमीनियम के बर्तनों को चमकदार बनाने के लिए बर्तन साफ करने वाले पाउडर में थोड़ा-सा नमक मिला लें।
  5. बर्तन की चिकनाई उतारने के लिए एक कपडे में सिरका लेकर कपड़े से बर्तन को रगड़ें और फिर साबुन या पाउडर से अच्छी तरह धो लें, ऐसा करने से चिकनाई दूर हो जाएगी।
  6. यदि प्रेशर कुकर में लगे दाग-धब्बों को साफ करना है तो कुकर में आवश्यकता अनुसार पानी भरें और उसमे 1 चम्मच वॉशिंग पावडर व आधा नींबू डालकर उबाल लें, फिर कुकर को बर्तन साफ करने वाली जाली से हल्का रगड़कर साफ करें।
जले हुए बर्तन को साफ करने के लिए निम्नलिखित तरीके अपनाएं:-
  • जले हुए बर्तन में 1 चम्‍मच बेकिंग सोडा, 2 चम्‍मच नींबू का रस और 2 कप गरम पानी लीजिये और जले हुए भाग को बर्तन साफ करने वाली जाली से रगड़कर साफ कीजिए।
  • जले हुए बर्तन में प्‍याज के छोटे टुकड़े और पानी डालकर गरम कीजिये और फिर बर्तन धोने के पावडर से साफ करें।
  • अमोनिया और पानी को जले हुए बर्तन में गरम करें और फिर इसे ब्रश से साफ करें।
  • जले हुए बर्तन में टमाटर का रस और पानी मिलाकर गर्म करें और फिर रगड़कर साफ कर लें.
हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा
रसोई के बर्तनों को साफ करने के आसान उपाय - Jale huye bartno ko aise banaye chamkdar. जले हुए बर्तनों को साफ करने के लिए अपनाएं. एल्युमीनियम के बर्तन जैसे कुकर को साफ करने का आसान तरीका How To clean cooker Useful tips in hindi - एल्यूमिनियम के कड़ाही को नये जैसा चमकाए. स्टील के बर्तन की सफाई. पुराने बर्तनों को दीजिए नई चमक.

खटमल मारने का उपाय और खटमल की दवा - Khatmal se chhutkara paane ke gharelu tarike

खटमल मारने का उपाय और खटमल की दवा - Khatmal se chhutkara paane ke gharelu tarike. khatmal maarne ka tarikaa in hindi. खटमल मारने के घरेलू उपाय और नुस्खे जानिए. खटमल क्या है और ये क्या नुकसान करते है? बच्चों को खटमल से कैसे बचाएं? खटमल मारने वाले तेल. खटमल की हिंदी जानकारी.



आपने खटमल का नाम तो सुना ही होगा. यदि नहीं तो आज हम आपको बता देते है कि यह एक ऐसा जीव है जो हमारे सोने के समय हमें काटते है और हमारा सोना खराब कर देते है जिससे हमारी नींद हराम हो जाती है. इनसे छुटकारा पाने के लिए हमें खटमल मारने की दवा या स्प्रे का प्रयोग करना पड़ता है. आज हम आपके लिए कुछ ऐसे तरीके व घरेलु उपाय लेकर हाजिर है जिनसे आप अपने घर में मौजूद सारे खटमल मार कर अपने बिस्तर पर आराम से सो सकते है. आइये आज हम जानते है khatmal maarne ka tarikaa in hindi.

खटमल इतना छोटा जीव है जो हमारी आंखों से ओझल हो सकता है ये जिव दिन मे छूप जाते है और जब रात मे हम सोते है तो ये हमें काटने का काम शुरू कर देते है. यदि आपके घर में एक भी खटमल आ जाएँ तो वो भी काफी नुकसान कर सकता है क्योंकि एक खटमल अपने पूरे जीवन मे 500 अंडे दे सकती है. यानि उसे एक से 501 होने में ज्यादा समय नहीं लगता है. खटमल कई दिन तक बिना कुछ खाए और पिए रह सकते है.

खटमल मारने का उपाय और खटमल की दवा (खटमल मारने की मेडिसिन):- खटमल मारने के लिए पायरथ्रोइड्स कीटनाशक दवा का उपयोग, डेटॉल (Dettol) का प्रयोग किया जा सकता है और आप नींबू, सिरका और प्याज़ का रस आदि घरेलू नुस्खे अपनाकर खटमल से छुटकारा पा सकते है.

खटमल मारने का उपाय और खटमल की दवा - Khatmal se chhutkara paane ke gharelu tarike. khatmal maarne ka tarikaa in hindi. खटमल मारने के घरेलू उपाय और नुस्खे जानिए. खटमल क्या है और ये क्या नुकसान करते है? बच्चों को खटमल से कैसे बचाएं? खटमल मारने वाले तेल. खटमल की हिंदी जानकारी.

खटमल मारने के घरेलू उपाय और नुस्खे जानिए -
  1. पुदीना - यह खटमल के लिए जहर है. खटमल इससे दूर भागते है इसलिए पुदीने की कुछ पत्तियों को तोड़कर अपने और बच्चो के बिस्तर के नीचे पत्ती को रख दें.
  2. नीलगिरी का तेल - इसके प्रयोग से खटमल दूर भाग जाते है क्योकि इस तेल मे खटमल को दूर भगाने वाले औषधीय गुणों को पाया जाता है.
  3. नीम का तेल - इसका तेल खटमल को बहुत आसानी से मार सकता है. इसका तेल खटमल वाली जगह पर लगाने से जल्दी ही सभी खटमल मर जायेंगे.
हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

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पाद मारने के फायदे और रोकने के नुकसान - Janiye paad marna kyo jaruri hai

पाद के फायदे, पाद की आवाज, पाद के प्रकार पाद क्यो आता है कारण,पाद के बारे में जानकारी, पाद आने पर हँसना,पाद आने पर होती है शर्मिंदगी, पाद क्यों जरुरी है? पाद का महत्व, पाद के लाभ, पाद रोकने के नुकसान. पाद क्या है? पाद में क्या होता है. पाद से बदबू क्यों आती है?



हेल्लो दोस्तों, सबसे पहले मैं आपका मेरे ब्लॉग पर पहुचने के लिए स्वागत करता हूँ. दोस्तों, पाद का मनुष्य के स्वास्थ्य के साथ बहुत गहरा संबंध है. यह एक ऐसी क्रिया है जिसके माध्यम से हमारे पेट में बनी गैस बाहर निकल जाती है. आपने ऐसा भी देखा होगा की जब किसी को पाद आता है तो पास बैठे लोगों में से कुछ लोगों को हंसी भी आती है लेकिन सच तो यह है कि पाद आने पर हंसने वाले लोग पाद के फायदे से अनजान है तो आइये आज हम इस पोस्ट के माध्यम से उन लोगों को पाद के फायदों की जानकारी दे देते है.

पाद को इंग्लिश में Fart कहा जाता है. इंसान की पाद मे नाइट्रोजन 59% आक्सीजन 4% हाइड्रोजन 21% कार्बन डाई आक्साइड 9% मिथेन 7% और सल्फर 1% सम्मिलित होती है. आप जानते ही होंगे कि पाद में बदबू भी आती है. पाद मे बदबू का मुख्य कारण सल्फर डाई आक्साइड है और यह हमे डाइट मे पत्तागोभी, बीन्स, चीज सोडा, और अंडे इत्यादि से मिलते है. जो लोग इनका सेवन करते है उनके पाद की बदबू कुछ ज्यादा ही होती है क्योकि इन सभी डाइट मे S2U की मात्रा अधिक होती है.

पादने के फायदे -
  • पाद मारने वाला इन्सान पेट दर्द से बचा रहता है. जो इंसान पाद को रोकता है, उसे पेट दर्द की समस्या होने की सम्भावना ज्यादा रहती है, इसलिए जब भी पाद आए उसी समय पर पाद लेना चाहिए.
  • एक रिसर्च में यह भी जानकारी सामने आई है कि छोटी मात्रा में पाद को सूंघना हमारे स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है. इसका कारण पाद में शामिल हाइड्रोजन सल्फाइड गैस है. यदि यह गैस थोड़ी - सी मात्रा में हमारे शरीर में प्रवेश करती है तो हमें कैंसर, दिल का आघात, दौरा और गठिया से बचाती है.
  • पाद को रोकने से आंत में बनने वाली गैस के कारण पेट में सूजन हो जाती है. 
  • पेट की गैस यदि पाद के माध्यम से ना निकले तो सरदर्द भी हो सकता है इसलिए पाद को रोकने की गलती कभी ना करें.
  • पाद मारने से हमें पेट की गैस से राहत मिलती है और हमें सकुन बहुत मिलता है इसलिए आज के बाद जब भी पाद आए तो उसे रोकिए नहीं बल्कि खुल कर बाहर निकालिये. 
हमारे लेख पढने के लिए आपका धन्यवाद.. - सतीश सुरबरा

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